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शुक्रवार, 11 अक्तूबर 2019

लोन सेटेलमेंट करने का क्या पड़ेगा प्रभाव | Can I get loan after settlement HINDI

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लोन सेटेलमेंट करने का क्या पड़ेगा प्रभाव | Can I get loan after settlement HINDI 

दोस्तों, मैंने आपके बेहतर क्रेडिट स्कोर को लेकर कई जानकारी इस प्लेटफॉर्म पर दी हैं ! साथ ही समय समय पर में आपके लिए लोन और फाइनेंस से जुडी ऐसी ही जानकारी लाता रहता हूँ ! इन जानकारियों से न केवल आप अपनी क्रेडिट रेटिंग ठीक रख सकते है बल्कि अपनी लोन से जुडी सभी समस्याओं को हल कर सकते हैं ! आज के इस टॉपिक पर हम लोन सेटेलमेंट और उससे जुड़े प्रभावों के बारे में जानने की कोशिश करेंगे ! तो अगर आप इस पूरी जानकारी को पाना चाहते हैं तो हमारे साथ आखरी तक बने रहे क्योकि लोन सेटेलमेंट  से जुडी सभी ख़ास बातो को हम आज समझेंगे ! 

दोस्तों आर्थिक समस्याए सभी के जीवन में आती हैं जैसे किसी गंभीर बिमारी का आना, जॉब चली जाना,बिजनेस में नुकसान हो जाना ! ऐसी सभी समस्याओं के चलते कई लोन अपने चल रहे लोन का भुगतान करने में चुक जाते हैं ! लोन का वर्डन बढ़ने पर उस लोन को पूरी तरह चुका पाने में असमर्थ हो जाते हैं ! इसके परिणाम स्वरुप लोन डिफाल्टर की श्रेणी आ जाता हैं ! लोन डिफाल्टर होना  वेसे सिर्फ आपकी खराब वित्तीय स्थिति पर ही निर्भर नहीं करता बल्कि कई बार बैंक और फाइनेंस कंपनी के गलत कमिटमेंट और उनसे विवाद के चलते भी आप लोन चुकाना बंद कर देते हैं ! ऐसे में बैंक या फाइनेंस कंपनी बार बार आपको लोन चुका देने के लिए बार बार देती हैं, लेकिन 91 दिन लोन न चुकाए जाने की दशा में बैंक या फाइनेंस कंपनी आपके लोन खाते को नॉन-परफोर्मिंग एसेट्स यानी NPA घोषित कर देती हैं ! लेकिन कहानी यही ख़त्म नहीं होती, बैंक लोन को रीकवर करने की कोशिश करती रहती हैं ! और इसी कोशिश में बैंक आपको लोन सेटेलमेंट का ऑफर  करती हैं ! लेकिन आपको लोन सेटेलमेंट करना चाहिये या नहीं ये बात समझ लेना जरुरी हैं ! और आप इसे अगले 7 पॉइंट में समझ सकते हैं !
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लोन सेटेलमेंट ऑफर क्यों किया जाता हैं ?

बैंक या फाइनेंस कम्पनियों पर अपने बिगड़े हुए लोन को सुधारने और उन्हें नियमित करने का बहुत सा प्रेशर होता हैं ! साथ ही बैंक और फाइनेंस कंपनिया हमेशा चाहती हैं, की कम से कम जो मूलधन लोन के रूप में दिया गया हैं, वो वापिस आ जाए ! ऐसे में अगर कोई लोन खता NPA की कगार पे आ जाता हैं, तो उसे फिर से ठीक करने के लिए या उस खाते को बंद करने के लिए बैंक बहुत से रास्ते अपनाती हैं ! उनमे से एक हैं “लोन सेटेलमेंट” ! लेकिन लोन सेटेलमेंट का मूल उद्धेश्य उस खराब लोन खाते से कुछ ना कुछ रीकवरी का होता हैं ! इसमें बैंक या फाइनेंस कंपनी बहुत से तरीको से लोन को सेटल्ड करती हैं ! जैसे ड्यू ब्याज में रियायत, पेनेल्टी और अन्य चार्जेस को माफ़ किया जाना या कभी कभी मूलराशि में से भी कुछ राशि माफ़ कर देना ! ऐसे में बैंक को एक फायदा ये होता हैं की जिस बिगड़े हुए लोन खाते पे किसी तरह से रिकवरी नहीं होना थी, उसमे कुछ न कुछ राशि आ जाती हैं ! हालंकि इस सेटेलमेंट को करने के बाद बैंक या फाइनेंस कम्पनी आपके क्रेडिट रिपोर्ट से लोन डिफाल्टर का टेग  नहीं हटाती बल्कि इस लोन के सम्बन्ध में क्रेडिट रिपोर्ट में लोन सेटेलमेंट की रिपोर्ट करती हैं !

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लोन सेटेलमेंट का फायदा क्या हैं ? 

बैंक लोन सेटेलमेंट का ऑफर क्यों करती हैं ? इस बात को समझ लेने के बाद आपको ये समझना होगा की इससे आपको लोन सेटेलमेंट का फायदा क्या हैं ? तो दोस्तों वेसे तो इसका सिर्फ इतना फायदा हैं, की यदि आप किसी आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं और आपके पास इतना पैसा नहीं हैं, की आप किसी लोन का रीपेमेंट कर सके ऐसे में आप चाहते हैं की उस लोन को बंद करना ही ठीक हैं, तो आप लोन सेटेलमेंट करा सकते हैं ! आप आपकी आर्थिक शर्त और बैंक की शर्तो के साथ एक तय राशि देकर अपना लोन सेटेल कर सकते हैं ! लोन सेटेलमेंट करने पर बैंक या फाइनेंस कंपनी आपके लोन खाते को टर्मिनेट करके उसका शेष बकाया loss में बताती हैं ! लेकिन इसके फायदों से ज्यादा आपका ध्यान इसके नुकसान पे भी होना जरुरी हैं ! तो आएये अगले पॉइंट में इसके नुकसान के बारे में समझते हैं ! 

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लोन सेटेलमेंट का नुकसान क्या हैं ? 

दोस्तों लोन सेटेलमेंट करने के बाद बैंक सिर्फ आपके लोन खाते को टर्मिनेट करके बाकी बचे ड्यू को loss में दिखाने तक की प्रक्रिया तक सिमित नहीं होते, बल्कि वो इस लोन खाते की जानकारी क्रेडिट स्कोर तय करने वाली एजेंसिया जैसे CIBIL,High Mark,Experian आदि को देती हैं ! इस जानकारी में बैंक या फाइनेंस कम्पनी आपके लोन खाते को लोन क्लोज्ड होने के बजाये लोन सेटेलमेंट के रूप में दर्शाती हैं, और कही कही देखने में ये भी आया हैं, की कई कम्पनिया तो सेटेलमेंट किये जाने के बाद बचे हुए ड्यू लोन अमाउंट को भी, आप ही की क्रेडिट रिपोर्ट में loss में शो करती हैं ! ऐसी क्रेडिट रिपोर्ट का असर आपके क्रेडिट स्कोर पर नकारात्मक रूप से पड़ता हैं और आपके क्रेडिट स्कोर में कमी आती हैं ! इतना ही नहीं एक से ज्यादा लोन सेटेलमेंट फ्लेग  के कारण आपको भविष्य में लोन मिलने में भी समस्या आ सकती हैं ! दोस्तों क्रेडिट रिपोर्ट में लोन सेटेलमेंट फ्लेग  को ये माना जाता हैं, की आप लोन लेने के बाद उसे पूरा जमा करने में असमर्थ थे, और इस फ्लेग को देखकर शायद कोई बैंक या फाइनेंस कंपनी आपको अगला लोन देने के लिए तैयार न हो ! तो सवाल ये उठता हैं की क्या लोन सेटेलमेंट करने के बाद आगे लोन मिलेगा ? तो इसका जवाब आपको अगले पॉइंट में मिल जाएगा ! 

लोन सेटेलमेंट करने के बाद आगे लोन मिलेगा ?

दोस्तों वेसे तो यहाँ समझना होगा की अगर सच में वित्तीय परिस्थिति बिगड़ने के बाद यदि आपने लोन सेटेलमेंट किया हैं तो इस बात को लोन देने वाली बैंक और फाइनेंस कंपनिया भी समझती हैं ! तो पूरी तरह से ये मान लेना की एक बार लोन सेटेलमेंट करने के बाद भविष्य में कोई लोन नहीं मिलेगा ये गलत होगा ! कई परिस्थितियों में लोन सेटेलमेंट बैंक की गलती की वजहों से भी होता हैं जैसे गलत कमिटमेंट या चार्जेस छुपाना या अन्य कोई कारण ! यदि इन कारणों के चलते आपने लोन सेटेलमेंट किया हैं तो आपको परेशान होने की जरुरत नहीं हैं आप उन कारणों के प्रमाण दिखाने के बाद अगला लोन ले सकते हैं ! साथ ही यदि किसी गंभीर आर्थिक समस्याओं के कारण आपने लोन सेटेलमेंट किया हैं तो  उन्हें भी स्पष्ट करके बैंक और फाइनेंस कम्पनी से लोन ले सकते हैं ! लेकिन ध्यान रखे ये तभी संभव हैं यदि आपके क्रेडिट स्कोर में एक लोन अकाउंट ही लोन सेटेलमेंट फ्लेग दर्शा रहा हो ! एक से ज्यादा लोन की स्थिति में आपके लिए नया लोन लेना मुश्किल होगा ! 

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लोन सेटेलमेंट न करना हो तो क्या करें ?

दोस्तों अब बात करते हैं की यदि आपको लोन सेटेलमेंट न करना हो तो क्या करना चाहिये ? तो जब भी आप कोई लोन ले तो सबसे पहले आपको ये बात ध्यान रखना होगी की आपको वो लोन पूरी तरह से खत्म करना होगा तभी कोई लोन ले ! लेकिन लोन डिफाल्ट  किसी समस्या या बैंक की गलती के कारण हुआ हैं तो बैंक को उसकी जानकारी देकर स्थिति साफ़ करे ! इसके अलावा यदि आप आर्थिक परेशानियों के चलते लोन चुकाने में समर्थ नहीं हैं तो आप बैंक को अपनी स्थिति से अवगत करा सकते हैं और बैंक को अपने लोन को री-स्ट्रक्चर करने का निवेदन कर सकते हैं ! लोन री-स्ट्रक्चर  करने से आपको लोन जमा करने में थोड़ी सहूलियत मिल जाएगी और साथ ही आपको पर्याप्त समय भी अपने लोन को चुकाने का मिलेगा ! फिर भी यदि आपको लोन बंद कराना ही हैं तो उसका सेटेलमेंट बिलकुल न करे इसके बजाये आप किसी मित्र या रिश्तेदार की मदद लेकर लोन को पूरी तरह से बंद कराये ! लेकिन अब परेशानी उन लोगो की हैं जिनको लोन सेटेलमेंट के प्रभाव  की जानकारी नहीं हैं और उन्होंने पहले से ही अपना लोन सेटेलमेंट कर लिया हैं ! तो ऐसे लोगो को क्या करना चाहिये इसका जवाब हम आज के आखरी पॉइंट में देने जा रहे हैं !

लोन सेटेलमेंट पहले ही कर दिया तो अब क्या करें ? 

दोस्तों यदि आपने लोन सेटेलमेंट पहले ही कर दिया तो अब क्या किया जाए  ये सवाल आपके मन में होगा ! तो आपकी जानकारी के लिए बता दे की आप उस लोन को पूरी तरह से बंद यानी लोन क्लोज्ड कर सकते हैं ! जी हां यदि अब आपकी वित्तीय स्थिति ठीक हैं और आपके पास पर्याप्त पैसा इस लोन को बंद करने के लिए हैं तो आप बैंक या फाइनेंस कंपनी को लोन को पूरी तरह क्लोज्ड करने का कह सकते हैं ! बैंक या फाइनेंस कम्पनी आपको सेटेलमेंट किये गए लोन की बकाया राशि बताएगा और आप उस राशि को एक मुश्त जमा करके अपना लोन क्लोज्ड करवा सकते हैं ! ऐसा करने पर बैंक आपको एक लोन क्लोजर सर्टिफिकेट  देगा जिसे लोन एनओसी कहा जा सकता हैं ! ये एनओसी आपको नया लोन लेने के समय काम आ सकती हैं ! लोन के पूरी तरह से क्लोज हो जाने पर बैंक या फाइनेंस कम्पनी इस लोन अकाउंट के सम्बन्ध में क्रेडिट एजेंसीयो को फिर से जानकारी भेजेगा जिसमे आपकी क्रेडिट रिपोर्ट में दर्शित लोन सेटेलमेंट फ्लेग को बदलकर लोन क्लोज्ड फ्लेग  करने का निर्देश होगा ! इस प्रक्रिया के बाद 2 से 3 महीनो के भीतर आपके क्रेडिट रिपोर्ट में से लोन सेटेलमेंट फ्लेग बदलकर लोन क्लोज्ड फ्लेग हो जाएगा ! हलाकि क्रेडिट स्कोर सुधरने में  अभी थोड़ा और वक्त लग सकता हैं ! लेकिन लोन क्लोज़र की इस प्रक्रिया के कई महीनो बाद भी क्रेडिट रिपोर्ट से लोन सेटेलमेंट फ्लेग नहीं हटा तो  आपको क्या करना चाहिये ? आईये इसे समझते हैं !
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लोन क्लोज्ड होने के बाद भी क्रेडिट स्कोर नहीं हुआ अपडेट 

दोस्तों लोन क्लोज्ड होने के बाद भी क्रेडिट स्कोर अपडेट नहीं हुआ और अभी तक भी आपकी क्रेडिट रिपोर्ट में लोन सेटेलमेंट फ्लेग ही दर्शा रहा हैं तो आपको सिबिल की वेबसाईट पर जाकर अपनी लोन एनओसी के साथ एक सिबिल डिस्प्यूट आवेदन  करना होगा ये बिलकुल फ्री हैं ! इसके बाद सिबिल सम्बंधित लोन के मामले में बैंक से कन्फेर्मेशन मांगेगी एक बार बैंक से लोन क्लोज़र का कन्फेर्मेशन मिलने के बाद सिबिल आपकी क्रेडिट रिपोर्ट में सुधार  करके लोन सेटेलमेंट फ्लेग को बदलकर लोन क्लोज्ड फ्लेग कर देगी ! लेकिन ये तभी संभव हैं जब बैंक इसका कन्फेर्मेशन दे इसके लिए आपको सिबिल डिस्प्यूट आवेदन के बाद बैंक पर भी अपने लोन खाते की सही जानकारी सिबिल को उपलब्ध कराने का दबाव बनाना पडेगा ! 
तो दोस्तों ये थी जानकारी लोन सेटेलमेंट के बारे में, उम्मीद हैं आपको जानकारी पसंद आये होगी अगर हाँ, तो आर्टिकल को लाइक करे !  साथ ही अपने दोस्तों और मित्रो से ये जानकारी व्हाट्सएप करके उनकी मदद करे ! अगली बार ऐसी ही किसी लोन और फाइनेंस की जानकारी के साथ फिर से मुलाकात होगी !


बुधवार, 9 अक्तूबर 2019

CIBIL Score : सिबिल स्कोर कैसे कैलक्यूलेट होता हैं | How to Calculate CIBIL Score in Hindi

CIBIL Score : सिबिल स्कोर कैसे कैलक्यूलेट होता हैं |  How to Calculate CIBIL Score in Hindi


बैंक या फाइनेंस कम्पनी से आपको लोन मिलेगा या नहीं ये कुछ हद तक आपके सिबिल स्कोर पर निर्धारति होता हैं ! ऐसे में दोस्तों ये आपको पता होना जरुरी हैं की सिबिल स्कोर का केल्क्युलेशन कैसे किया जाता हैं ! वेसे तो सिबिल स्कोर को केल्क्युलेट करना कई बातो पर निर्भर करता हैं लेकिन इसमें सबसे मुख्य बात हैं आपका रीपेमेंट करने का तरिका ! इसका सीधा सा मतलब ये हैं की अगर आप लोन चुकाने में इमानदार हैं ! तो बैंक या फाइनेंस कम्पनी आपको आसानी से लोन दे सकती हैं ! आज के इस आर्टिकल में हम सिबिल केल्क्युलेशन के बारे में बात करेंगे और जानेंगे की बैंक या फाइनेंस कम्पनी किन आधार पर आपके सिबिल स्कोर की रेटिंग करती हैं ! इसके अलावा आज ये भी जानने की कोशिश करेंगे की कैसे आप सिबिल स्कोर को बेहतर बनाये रख सकते हैं, तो बने रहिये हमारे साथ आखरी तक और हां अगर आप हमारे ब्लॉग पर पहली बार आये हैं तो प्लीज इस ब्लॉग को सबस्क्राइब कर दे ताकि आपको भी लोन और फाइनेंस से जुडी जानकारी सबसे पहले मिलती रहे ! 

दोस्तों सिबिल के केल्क्युलेषन को समझने से पहले आपको समझना होगा की आखिर सिबिल स्कोर हैं क्या ? दोस्तों, वेसे तो आज हर आदमी सिबिल स्कोर को अच्छे से जानता हैं लेकिन बारीकी और सासान शब्दों में समझे तो सिबिल एक तीन अंको का स्कोर होता हैं ! जो 300 से 900 के बिच होकर आपकी क्रेडिट हिस्ट्री के आधार पर तय होता हैं ! आपके हर तरह के लोन की जानकारियों पर आधारित एक रिपोर्ट को सिबिल रिपोर्ट कहा जाता हैं ! सिबिल स्कोर आपके लोन लेने की एलेजीबिलिटी को दर्शाता हैं इसका साफ़ मतलब ये हैं की आपका सिबिल स्कोर जीतना अच्छा होगा आपको लोन मिलने के चांसेस उतने बढ़ जायेंगे !

अब जानते हैं की सिबिल स्कोर केल्क्युलेट कैसे किया जाता हैं ? या वे कोनसी बाते हैं जो आपके सिबिल को प्रभावित करती हैं ! जिससे की आपके सिबिल स्कोर का आंकलन होता हैं ! तो दोस्तों आपकी जानकारी के लिए बता दे की 4 बाते हैं जो आपके सिबिल स्कोर पर असर डालती हैं !

पेमेंट हिस्ट्री 

दोस्तों, आप जिस भी लोन का भुगतान किश्त के रूप में करते हैं उसे पेमेंट हिस्ट्री में शामिल किया जाता हैं तथा देर से भुगतान करना या न करना आपकी पेमेंट हिस्ट्री खराब करता हैं जिसका असर आपके क्रेडिट स्कोर पर पढ़ता हैं और आपका क्रेडिट स्कोर कम होता जाता हैं !

क्रेडिट मिक्स

इसका मतलब हैं की आपने किस प्रकार के लोन ले रखे हैं ! सामन्यत: मिले जुले लोन जिसमे सिक्योर और अन-सिक्योर दोनों तरह के लोन शामिल हैं का आपके सिबिल स्कोर पर बहुत अच्छा असर पड़ता हैं और आपका सिबिल स्कोर बढ़ता हैं !

बार बार पूछताछ

दोस्तों अगर आप लोन के लिए बार बार आवेदन कर रहे हैं या बार बार पूछताछ कर रहे हैं तो सिबिल की भाषा में इसे इंक्वायरी कहा जाता हैं और ये एक गंभीर असर आपके सिबिल स्कोर पर दर्शाता हैं ! इससे आपका सिबिल स्कोर न केवल कम होता हैं बल्कि आपको लोन मिलने की संभावना को भी कम करता हैं !

हाई क्रेडिट यूटीलाइजेशन

दोस्तों अगर आप क्रेडिट कार्ड या बैंक क्रेडिट लिमिट का इस्तेमाल करते हैं और आप उपलब्ध क्रेडिट लिमिट का अत्यधिक उपयोग करते हैं तो यह आपके सिबिल स्कोर के लिए घातक हो सकता हैं और इससे आपके सिबिल स्कोर में तेजी से कमी आती हैं !

तो दोस्तों ये 4 पॉइंट हे जो आपके क्रेडिट स्कोर को तय करते हैं ! अब बात आती हैं की कैसे आप अपने सिबिल स्कोर को बेहतर बनाए रख सकते हैं !तो दोस्तों अगर आप चाहते हैं की आपका सिबिल स्कोर हमेशा मजबूत बना रहे तो आपको 5 छोटी छोटी बातो का ध्यान रखना जरुरी हैं !

पहली – अपने सभी क्रेडिट कार्ड के बिलों का भुगतान समय से करे क्योकि  ऐसा न करना आपके सिबिल स्कोर के लिए खराब हो सकता हैं !

दूसरी बात – क्रेडिट कार्य या बैंक क्रेडिट लिमिट का उपयोग सिमित तौर पर करे ! क्योकि ज्यादा खर्च आपके सिबिल स्कोर को बिगाड़ सकते हैं !

तीसरी बात – होम लोन या कार लोन जेसे सिक्योर लोन या पर्सनल लोन या क्रेडिट कार्ड जैसे अनसिक्योर लोन में संतुलन बनाए रखे ज्यादा अनसिक्योर लोन आपके सिबिल स्कोर पर गलत प्रभाव डालते हैं !

चौथी बात जो आपको ध्यान में रखना जरुरी हैं – वो हैं यदि आपने जॉइंट लोन लिया हैं तो जॉइंट होल्डर का ध्यान रखे की वो नियमित भुगतान कर रहा हैं या नहीं ! क्योकि ऐसी लापरवाही भी आपके सिबिल स्कोर पे असर डाल सकती हैं !

पांचवी और आखरी बात -  क्रेडिट हिस्ट्री की समीक्षा – दोस्तों आपको अपनी क्रेडिट रिपोर्ट की समय समय पर जांच करते रहना चाहिये ! इससे आपके क्रेडिट स्कोर की जानकारी आपको मिलती रहेगी आज भारत में बहुत सी वेबसाईट फ्री में सिबिल स्कोर आपको प्रोवाइड करती हैं आप उनका उपयोग कर सकते हैं साथ ही अगर आप चाहते हैं की आपको फ्री में सिबिल स्कोर चाहिये तो इस लिंक पर जाकर फ्री में अपनी क्रेडिट रिपोर्ट निकलवा सकते हैं ! इसके अलावा अगर आपका सिबिल स्कोर से जुडा कोई सवाल हैं तो आप हमें कमेंट्स करके पूछ सकते हैं !

तो दोस्तों ये थी जानकारी सिबिल स्कोर से जुडी हुई ! दोस्तों हो सकता हैं आपके किसी दोस्त या रिश्तेदार को इस जाकारी की जरुरत हो तो उनसे ये जानकारी शेयर करके आप उनकी मदद कर सकते हैं साथ ही अगर आपको ये जानकारी पसंद आयी हैं तो इसे लाइक करके बता सकते हैं !!! वेसे दोस्तों मेने बहुत से आर्टिकल सिबिल स्कोर को लिखे हैं ! आप उन्हें भी देख सकते हैं ! इसके अलावा यदि आपका सिबिल स्कोर बिगड़ा हुआ हैं तो उसे सुधारने के टिप्स भी आपको हमारी वेबसाईट या यूट्यूबचेनल पर मिल जायेंगे ! अगली बार फिर ऐसी ही किसी जानकारी के साथ मिलाकात होगी तब तक के लिए जय हिन्द !! जय भारत !!! 

Personal Loan से सम्बंधित सभी प्रश्नों के उत्तर

Personal Loan से सम्बंधित सभी प्रश्नों के उत्तर 

ऋण के बारे में सभी सामान्य प्रश्नों के उत्तर जानें !!!
हमारे इस पेज पर आपके सभी के ऋण सम्बन्धी प्रश्नों का उत्तर हैं!

Personal Loan क्या है?

Personal Loan  एक Unsecured Loan है जिसमें आपको कोई Guarantee या बंधक रखने की आवश्यकता नहीं हैं! किन्तु  कुछ Banks या Finance कम्पनिया गारंटर या सुरक्षा की द्रष्टि से कोई संपत्ति या प्रतिभूति जैसे FD आदि को बंधक रखने की मांग कर सकते हैं! Loan Provider Bank’s या Finance Company के  नियम और शर्तें भिन्न भिन्न हो सकती हैं!
Personal Loan का लाभ: न्यूनतम दस्तावेजो की आवश्यक होती हैं!
आवेदन करने के 5 से 7 कार्यदिवस में ऋण राशी का भुगतान सीधे खाते में कर दिया जाता हैं!
आपकी आवश्यकता जो भी हो उसके लिए ऋण दिया जाता हैं आपकी आवश्यकता की जांच इसमें शामिल नहीं हैं!

क्या Personal Loan में सह-आवेदक(Co-Applicant) को जोड़कर आवेदन किया जा सकता हैं?

हां, सह-आवेदक (Co-Applicant) के साथ मिलकर आवेदन करना संभव है। चूंकि यह आपकी आय पात्रता में वृद्धि करेगा और आप बड़ी मात्रा में ऋण प्राप्त करने के लिए पात्र होंगे!

Personal Loan के लिए में योग्य हूँ, इसका निर्धारण कैसे करे?

ऋण का निर्धारण Bank’s या Finance कम्पनी करती हैं किन्तु ये विभिन्न Bank’s और Finance कम्पनी में अलग अलग होती हैं ! वेसे Bank’s या Finance कम्पनी बहुत सी बातो को ध्यान में रखकर ऋण का निर्धारण करती हैं जैसे :-
नोकरीपेशा –
·      आवेदक की न्यूनतम आयु 21 वर्ष होना आवश्यक हैं!
·      loan Maturity समय तक आयु 58 वर्ष से कम होना आवश्यक हैं!
·      वर्तमान जॉब में न्यूनतम 1 वर्ष की अवधि होनी चाहिए तथा पूर्व की जॉब में 2 वर्ष और उससे अधिक 

व्यवसायी :-
·      आवेदक की न्यूनतम आयु 25 वर्ष होना आवश्यक हैं!
·      loan Maturity समय तक आयु 60 वर्ष से कम होना आवश्यक हैं!
·      वर्तमान व्यापार में न्यूनतम 3 वर्ष की अवधि होनी चाहिए
·      समान्य बिजनेस में 1 लाख से अधिक और पेशेवर बिजनेस में 2 लाख से अधिक का न्यूनतम सालाना लाभ(Net Profit After deductioion tax) होना चाहिये !

क्या Personal Loan के लिए Security देना आवश्यक/अनिवार्य हैं?

Personal Loan विशेष रूप से उनके लिए होते हैं जो कोई प्रतिभूति/बंधक नहीं देना चाहते हैं! यह एक अनसिक्योर लोन है जहां कोई गारंटी की आवश्यकता या अनिवार्यता नहीं है। विशेष परिस्थिति जैसे ज्यादा ऋण की मांग पर Bank’s या Finance कम्पनी आपसे ग्यारंटी मांग सकती हैं!

Personal Loan रीपेमेंट के लिए क्या मापदंड हैं?

लोन एग्रीमेंट में निर्देशित लोन टेन्योरपोस के लिए पोस्ट डेटेड चेक्स के माध्यम से ऋण का रीपेमेंट किया जाता है! Bank’s या Finance कम्पनी आपसे भविष्य के किश्तों के बुगतान के लिए पोस्ट डेटेड चेक या ECS( इलेक्ट्रानिक क्लियरिंग सिस्टम) लेता हैं जिसके माध्यम से आप किश्तो का भुगतान करते हैं!

Personal Loan में क्या व्यक्तिगत ग्यारंतर की आवश्यकता हैं?

व्यक्तिगत गारंटर प्रदान करना अनिवार्य नहीं है, लेकिन कुछ Bank’s या Finance कम्पनी इसकी मांग कर सकते हैं!

Personal Loan में प्रोसेसिंग चार्ज कितना लगेगा?

विभिन्न Bank’s और फिनांस कंपनी के अलग अलग लोन प्रोसेसिंग चार्ज होते हैं सामान्यत: यह 1% से 3% ऋण राशि का होता हैं!

किन कारणों के चलते राशी प्रभावित होती हैं ?

आय की तुलना के आधार ऋण राशि भी प्रभावित होती हैं!
पुनर्भुगतान की अवधि की अवधि के आधार पर भी इसका प्रभाव होता हैं!
क्रेडिट रिपोर्ट और क्रेडिट स्कोर के आधार पर भी लोन अमाउंट प्रभावित होता हैं!
कुल मिलाकर आपकी क्षमता के आधार पर ऋण राशी निरधारित होती हैं!

Personal Loan के लिए Maximum Loan Tenure क्या है?

वैसे तो Personal Loan Tenure कम ही होता हैं । लेकिन कुछ  Bank’s या Finance कम्पनिया  अधिकतम टेन्योर 3 वर्षों के लिए ऋण भी प्रदान करते हैं।और कही कही ये Loan Tenure 5 Year का भी है।

यदि मैं Personal Loan की Loan EMI नहीं भर पाया तो क्या ?

कई बार हो सकता है कि जब आप समय पर किश्तों का भुगतान नहीं कर पाते! उस विशेष परिस्थिति में  आपको ऋण को Loan Restructure करने के लिए Bank’s या Finance कम्पनी से अनुरोध करते हुए CAR, घर, म्यूचुअल फंड और आरबीआई बांड, सावधि जमा, सोना, शेयर और डिबेंचर और जीवन बीमा पॉलिसी जैसी संपत्तियों को बंधक रख कर असुरक्षित ऋण से Personal Loan को परिवर्तित करना चाहिए! तथा LOW EMI LOAN का विकल्प चुनना चाहिये !

कौन Personal Loan प्रदान करता हैं ?

वेसे समस्त Finance कम्पनिया,Bank’s,कर्पोरेतिव Bank’s आदि Personal Loan प्रदान करते हैं!

किन जरूरतों के लिए ऋण लिया जा सकता हैं?

किसी भी आवश्यकता के लिए ऋण लिया जा सकता हैं जैसे-बिमारी,स्कूल/कालेज फीस/कोई सामान खरीदने,बिजनेस उपयोग आदी इसमें किसी तरह से बाध्यता नहीं होती!

बिजनेस लोन से सम्बंधित सभी प्रश्नों के जवाब | BUSINESS LOAN QNA

बिजनेस लोन से सम्बंधित सभी प्रश्नों के जवाब | BUSINESS LOAN QNA 


Business loan क्यों मिलता है?

Business loan आपके व्यवसाय को विस्तारित और बढाने के लिए धन प्राप्त करने तथा व्यापार के खर्चों को पूरा करने का साधन हैं कई बैंक और कम्पनिया इसे प्रदान करती हैं! Business loan को विशेष यह बनाता है कि आप इसे अपने व्यापार के किसी भी उद्देश्य के लिए या तो अपनी कार्यशील पूंजी के रूप में उपयोग करने के लिए या केवल एक नई संपत्ति के लिए उपयोग करने के लिए कर सकते हैं!

क्या मैं Business loan पाने के योग्य हूं?

Business loan के लिए आवेदन करने के योग्य होने के लिए निचे उल्लेखित पेरामीटर को पूरा करने की आवश्यकता है:
1. आवेदक की न्यूनतम आयु 25 वर्ष हो!
2. ऋण समाप्ति तक अधिकतम उम्र 65 वर्ष हो
3. वर्तमान कारोबार में न्यूनतम अवधि 3 साल होना
4. वर्तमान व्यापार में अधिकतम अवधि 5 साल या अधिक होना
5. मौजूदा कारोबार में न्यूनतम आय 1 लाख रुपये आय प्रतिवर्ष

Business loan के लिए आवश्यक दस्तावेज क्या हैं?

1. आय की गणना के साथ पिछले 2 साल की इनकम टेक्स रिटर्न की कापी
2. व्यवसाय स्थिरता प्रमाण: कोई भी
-निगमन प्रमाणपत्र जैसे सेवा सेवा प्रति,व्यापार निरंतरता सबूत
3. बैंक स्टेटमेंट:
पिछले 1 साल का चालू खाता विवरण
पिछले 6 महीनों की बचत खाता विवरण
4. व्यापार और निवास स्वामित्व प्रमाण (कोई पंजीकरण सबूत)!
5. पहचान दस्तावेज: पैन कार्ड, आधार कार्ड, मतदाता पहचान, विद्युत बिल !

क्या मैं तब भी Business loan के लिए आवेदन कर सकता हूं जबकि मेरा क्रेडिट स्कोर अच्छा नहीं हैं?

हां, आप खराब क्रेडिट के साथ भी Business loan के लिए आवेदन कर सकते हैं और इसके लिए आपको केवल बैंक को आश्वासन देना है कि आप ऋण चुकाने में सक्षम होंगे!

Business loan के तहत मैं कितनी Loan  राशि प्राप्त कर सकता हूं?

1 साल से 7 साल के मध्य के Tenure के लिए आप लगभग 75 हजार से लेकर 45 लाख तक Business loan ले सकते हैं!
क्या Business loanका समय पूर्व भुगतान करना संभव है या मुझे इसके लिए कितना इंतजार करना होगा?
हां,  आप Business loan वितरण की तारीख से 6 महीने के बाद ऋण का प्री-पेमेंट कर सकते हैं और इसे केवल एक वर्ष में ही किया जा सकता है! पूर्व भुगतान करने की न्यूनतम राशि INR 50 हजार होती हैं!

Business loan प्राप्त करने के क्या कदम हैं?

- Business loan Application
- Business loan Application फॉर्म और Business loan Documents जमा करना
- Business loan की मंजूरी
- समझौते( Loan Agreement) को निष्पादित करना
- Business loan का डिस्बर्सल

Business loan EMI  भुगतान करने के लिए भुगतान का कौनसा तरिका होता हैं?

पोस्ट डेटेड चेक या इलेक्ट्रॉनिक क्लीयरेंस सिस्टम (ईसीएस) का उपयोग करके आप Business loan EMI  भुगतान कर सकते हैं!

Business loan राशि प्राप्त करने के लिए मुझे कितना समय लगेगा?

इसमें 4 से 5 कार्य दिवस का समय लग सकता हैं!

क्या ऑनलाइन Business loan Application करने का कोई Application Caharges है?

नहीं, आपको कोई आवेदन शुल्क नहीं देना पड़ेगा! आप ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं और उसके लिए कोई शुल्क नहीं होगा!

कैसे मिलता हैं बिना आय के दस्तावेजो (Income Documents) के लोन? How To Take Loan Without Income Documents


कैसे मिलता हैं बिना आय के दस्तावेजो(Income Documents) के लोन? How To Take Loan Without Income Documents

कैसे मिलता हैं बिना आय के दस्तावेजो के लोन?

 How To Take Loan Without Income Documents

ज्यादातर लोगो के मन में हमेशा ये संशय रहता हैं की हमारे पास आय के कोई दस्तावेज (Income Documents) नहीं हैं ! ना ही हम इनकम टेक्स भरते हैं और ना ही हमारी सरकारी नोकरी के माधाम से सेलेरी स्लिप आती हैं ! लेकिन आय अवश्य होती हैं! क्या इस स्थिथि में कोई एसी Finance Company या कोई Bank हमें Loan कर सकती हैं और हां तो उसकी क्या प्रक्रिया हैं और केसे किया जाता हैं!

आय के दस्तावेज (Income Documents) क्या होते हैं!

बिना आय के दस्तावेज के Loan लेने से पहले हमें ये जानना आवश्यक हैं की ये दस्तावेज कोन कोन से हैं ? तो हम आपको बाता देते हैं की वो कोन कोन से दस्तावेज हैं जिन्हें इनकम डॉक्यूमेंट माना जाता हैं ! वेसे इस तो हर वो दस्तावेज जो आपकी आय का सत्यापन करता हैं अथवा आय को प्रदर्शित करता हैं उसे इनकम दस्तावेज कहते हैं ! तथा ये दस्तावेज व्यापारियों के लिए अलग होते हैं तथा वेतन भोगियो के लिए अलग!

व्यापारियों हेतु आय के दस्तावेज/ Income Documents For Self Employee

व्यापार –व्यवसाय करने वालो के लिए निम्न दस्तावेज होते हैं – इनकम टेक्स रिटर्न,कम्पुटीशन इनकम शीट,बेलेंस शीट,वेट टेक्स रेसिप्त,GST Certificate,ओडिट रिपोर्ट,त्रेमासिक टेक्स स्टेटमेंट आदि !

नोकरीपेशा हेतु आय के दस्तावेज/ Income Documents For Salaried

यदि आप नोकरीपेशा हैं तो आपकी सेलेरी स्लिप,फॉर्म न. 16,सेलेरी खाते का स्टेटमेंट,PF A/c आदि दस्तावेज सेलेरी वालो के लिए आय के दस्तावेज हैं!

मेरे पास कोई आय के दस्तावेज नहीं हैं?/I Have No any Income Documents For Loan

वेसे तो आय के दस्तावेज न होने पर कई Bank और Finance Companies Loan नहीं देती लेकिन कुछ Indian Finance Company हैं जो आपको Loan Without Income Documents अथवा सिमित/आधे Income Documents पर Loan Available कराती हैं!

सिमित आय के दस्तावेज क्या हैं ?

सिमित आय के दस्तावेज वे हैं जो आपकी Income का पूर्ण रूप तथा पुख्ता तौर से सत्यापन नहीं करते लेकिन आपकी Income को दर्शाते जरुर हैं उदाहरण के लिए यदि आप Business करते हैं तो Business के उपयोग में आने वाले कच्चे-पक्के बिल,उधारी का रजिस्टर,स्टोक खरीदी के बिल आदि आपके सिमित Income Documents में उपयोग में लाये जा सकते हैं ! और यदि आप Job करते हैं तो Employer से लिखा हुआ प्रमाण पत्र,आपका जॉब कार्ड,आदि आपके लिए Loan Income Documents For Salaried का कार्य करते हैं !

भारत में कोन सी कम्पनी बिना आय के दस्तावेज के लोन देती हैं?

भारत में अनेक ऐसी Finance Company हैं जो आपको बिना आय के दस्तावेज के Loan दे सकती हैं जेसे Sewa Grih Rin,India Shelter Home Loan,Gruh Finance,Adhar Housing Finance,Aspire Home Finance,DHFL Home Loan,AU Housing Finance,Shubham Housing Finance,Asha Home Loan,Small Housing Finance Company,Awas Home Loan,Saral Home Loan आदि किन्तु यहाँ Housing Loan Application के पूर्व आपको यहाँ की Loan Process और अन्य Loan Term's & Condition को अच्छे से जान लेना चाहिये !

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Finance Companies में निकली बम्पर जॉब भर्तिया

Mega Job Opening In Housing Finance Company
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फाईनेंस कंपनियों में निकली बम्पर जॉब भर्तिया 


यदि आपको एस्क्स्पिरियांस हैं तो इससे बढ़िया बात कुछ नहीं हो सकती आपको विभीन Finance Companies में ज्यादा वेतन और अच्छी पोस्ट दी जा सकती हैं !

भारत  में फाईनेंस इंडस्ट्री  लगातार बढ़ती जा रही हैं और इसी लिए इस फील्ड में नयी हाउसिंग फाईनेंस कम्पनिया Housing Finance Companies आ रही हैं ! पिछले 2 वर्षो में लगभग 16 नयी Finance Companies ने अपने व्यवसाय विभिन्न शहरों में विस्तारित किया हैं ! यदि आप इस फिल्ड में भविष बनाने का सोच रहे हैं तो ये समय हैं आपको इस फिल्ड में जुड़ने का और अपना बेहतर भविष्य बनाने का !

उज्जवल भविष्य

चुकी Housing Finance Companies क्षेत्र देश का बढ़ता हुआ क्षेत्र हैं और इसमें बढती हुई निवेशको की रूचि इस क्षेत्र को और बढ़ावा दे रही हैं !

किन पोस्ट पर मिलेगी जॉब ?

चुकी सभी Finance Companies नयी हैं तो इसकी जॉब की पोस्टिंग में आप सेल्स जॉब,ओपरेशन जॉब,क्रेडिट,अकाउंट,मेनेजमेंट आदि लगभग सभी पोस्ट के लिए जॉब एप्लीकेशन दे सकते हैं!

यदि आप फ्रेशर हैं !

यदि आप फ्रेशर हैं तो आपको घबराने की आवश्यकता नहीं हैं आप इस फिल्ड में अच्छा करियर बना सकते हैं ज्यादातर नयी Finance Companies फ्रेशर को भी मौका दे रही हैं !

सैलरी क्या?

वेसे तो सभी जॉब पोस्ट की सेलेरी अलग अलग निर्धारित होती हैं किन्तु यदि आप फ्रेशर हैं तो इसकी न्यूनतम मासिक अनुमानित सेलेरी 12000/- से लगाकर 15000/- लगभग हो सकती हैं!

शिक्षा क्या होना आवश्यक हैं?

वेसे तो सभी पोस्ट और डिपार्टमेंट के लिए एजुकेशन का क्रायटेरिया अलग अलग होता हैं लेकिन आप सेल्स ज्वाइन करना चाहते हैं तो सामान्य आपको हायर सेकेंडरी अथवा स्नातक होना आवश्यक हैं! वेसे एजुकेशन की बात कम्पनियों की एच.आर.पॉलिसी पे भी निर्भर करता हैं!

यदि आपको एक्सपीरियंस हैं!


कैसे पता करे कहा वेकेंसी हैं?

आप विभिन्न Finance Companies की साईट पे जा कर करियर में वहा पता कर सकते हैं की आपके लिए क्या वेकेंसी हैं !

हमसे पूछे !

यदि आपको Finance Companies  में जॉब सर्च करने में समस्या हैं तो आप इस साईट को subscribe या अनुसरण करके इसकी जानकारी ले सकते हैं और साथ ही निचे कमेन्ट बॉक्स में आप आपका नाम शहर और Qualification तथा एक्सपीरियंस और अन्य जानकारी ईमेल एड्रेस के साथ दे सकते हैं!

होम लोन से सम्बंधित सभी प्रश्नों के जवाब | HOME LOAN QNA

होम लोन से सम्बंधित सभी प्रश्नों के जवाब | HOME LOAN QNA 

हमारे इस पेज पर आपको HOME लोन संबधी सभी प्रश्नों के उत्तर मिलेंगे !

किस प्रकार के Home Loan होते हैं? Types of Home Loan 

Finance Company और Bank कई तरह से और विभिन्न तरीकों से Home Loan देता है?

गृह निर्माण ऋण(Home Construction Loan): यह Loan एक नए घर के Construction के लिए दिया जाता है!

गृह विस्तार ऋण(Home Improvement Loan) : गृह विस्तार ऋण आपके घर को विस्तारित (Loan For Home Improvement) करने के लिए सुविधाजनक हैं!

गृह खरीद ऋण(Home Purchase Loan) : यह ऋण घर खरीदने (Loan For Home Purchase) के लिए है!

गृह सुधार & नवीकरण ऋण(Loan For House Repairing & Home Renovation ): यह ऋण मरम्मत कार्यों और नवीकरण के लिए प्रदान किया जाता है!

भूमि खरीद ऋण (Plot Purchase Loan) : यह ऋण भूमि की खरीद के लिए दिया जाता है! Loan For Plot Purchase

ब्रिज लोन(Bridge Loan) : ब्रिज लोन उन लोगों के लिए है जो अपना घर बेचना चाहते थे और एक नया घर खरीदना चाहते थे। इस प्रकार, पुल ऋण अपने नए घर को वित्त पोषित करने में मदद करता है जब तक कि पुराना घर बेचा न जाए!

गृह रूपांतरण ऋण(Home Conversion Loan) : यह ऋण उन लोगों के लिए लागू है जिन्होंने पहले से ही वर्तमान घर को वित्त पोषित किया है लेकिन वे दूसरे घर पर स्विच करना चाहते हैं जिसके लिए अधिक धन की आवश्यकता है। होम रूपांतरण ऋण के साथ, आप मौजूदा ऋण को नए घर और अतिरिक्त राशि के लिए आसानी से स्थानांतरित कर सकते हैं।

क्या Home Loan में सह-आवेदक(Co-Applicant) को जोड़कर आवेदन किया जा सकता हैं?

हां, सह-आवेदक (Co-Applicant) के साथ मिलकर आवेदन करना संभव है। चूंकि यह आपकी आय पात्रता में वृद्धि करेगा और आप बड़ी मात्रा में ऋण प्राप्त करने के लिए पात्र होंगे!
यदि आप संपत्ति के मालिक नहीं हैं तो जो परिवार में संपत्ति का मालिक हैं उसे सह-आवेदक लेना आवश्यक हैं!

क्या Home Loan के ब्याज तथा मूल राशी के भुगतान के माध्यम से इनकम tax बेनिफिट लिया जा सकता हैं?

जी हां, आयकर अधिनियम 1961 के अनुसार आप ब्याज तथा मूल राशी पर आयकर में इसका लाभ ले सकते हैं! यह लाभ एक लाख से डेढ़ लाख तक हो सकता हैं!

बैंक या Home Finance कम्पनी Home Loan Amount का कितना निर्धारण करती हैं!
यह दो तरीको से निरधारित होता हैं !

संपत्ति-कई Bank और Housing Finance Company घर की कुल लागत का 85% तक HOME लोन  प्रदान करती हैं! Home Loan Applicant  को खुद से  15% देना  होता है जिसे इक्विटी या OCF (Owned Contribution Fund) कहा जाता है! Loan Applicant को दी जाने वाली ऋण राशि आयु, आय, आश्रितों की संख्या, मासिक आउटगोइंग और पुनर्भुगतान क्षमता पर आधारित है!

आय-सभी बैंक या वित्तीय संस्था आपकी आय का 45-55% किश्त भुगतान योग्य ऋण प्रदान करती हैं!

Home Loan पाने में कितना समय लगता हैं?

यदि सभी दस्तावेज सही और उपलब्ध हो तो Home Loan पाने में 7-8 दिन लग जाते हैं!

क्या LOAN Tenure ऋण राशी को प्रभावित करता हैं ?

यदि Home Loan Tenure मासिक EMI भुगतान में अधिक लंबा होगा तो LOAN  Amount ज्यादा  होगा! Short Loan Tenure से आप पर EMI का बोझ भी बढेगा लेकिन बाद में इसे तेजी से भुगतान किया जा सकता है!

क्या Home Loan के लिए Application करते समय किसी भी प्रकार की Security की आवश्यकता होती है?

जो  Property खरीदी जा रही है वह खुद ही Security बन जाती है और जब तक Home Loan Institutions के साथ Loan Repay जाता है तब तक Mortgage बना दिया जाता है! हालांकि, कुछ Bank’s & Home Finance Company LIC Policy, FD आदि सहित Security मांग सकते हैं!

Bank’s / Home Finance Institutions द्वारा प्रदान किए जाने वाले विभिन्न Home Interest Rate दर विकल्प क्या हैं?

Bank’s / Home Finance Institutions निम्नलिखित Home Loan Rate of Interest विकल्प प्रदान करते हैं:

फ़्लोटिंग रेट होम लोन (Floating Rate of Interest on Home Loan) : फ्लोटिंग रेट लोन की EMI Market Interest Rate में बदलाव के साथ उतार-चढ़ाव करती है! यदि बाजार की दरें बढ़ती हैं, तो आपकी Repayment बढ़ जाती है! जब दरें गिरती हैं, तो आपकी Repayment भी गिरती है!

फिक्स्ड रेट होम लोन (Fixed Rate of Interest on Home Loan) : ROI या तो Home Loan के पूरे Tenure या LOAN के Tenure के एक निश्चित हिस्से के लिए तय की जाती है! हालांकि, अगर आपने EMI तय की है, तो बाजार में ब्याज दरों में कोई कमी, आपको लाभ नहीं पहुंचाएगी!

दैनिक कमी( Daily Reducing ROI) , मासिक कमी (Monthly Reducing ROI) और वार्षिक रूप(Annual Reducing ROI) से Interest Rate में कमी क्या है?

Daily Reducing /दैनिक कम करना:
यह संदर्भित करता है, Home Loan Principal Amount, जिसके लिए आप Home Loan Interest Payment करते हैं, उस दिन से कम हो जाता है जब आप अपना Home Loan EMI Payment करते हैं। दैनिक घटाने प्रणाली में EMI Daily Reducing है!

Monthly Reducing  / मासिक घटाना:
यह संदर्भित करता है,Home Loan Principal Amount, जिसके लिए आप ब्याज का भुगतान करते हैं, हर महीने Monthly Reducing कम हो जाता है जब आप अपना Home Loan EMI Payment करते हैं!

Annual Reducing / वार्षिक कमी:
यह संदर्भित करता है, प्रिंसिपल, जिसके लिए आप ब्याज का भुगतान करते हैं, साल के अंत में कम हो जाता है!

इसका मतलब है कि मासिक घटाने प्रणाली के लिए Home Loan EMI सालाना कम Annual Reducing करने वाली प्रणाली से प्रभावी है!